योगी सरकार का फरमान मानने से मदरसों का इनकार

3 months ago Newspadho 0

1 दिन बाद पुरे देश में 72वा स्वतंत्रता दिवस मनाया जायेगा, करीब करीब देश के हर संस्थान में तिरंगा फहराया जायेगा और राष्ट्रगान गाया जायेगा लेकिन उत्तर प्रदेश में स्वतंत्रता दिवस से पहले जुंग छिड़ गयी है । शिया वक्फ बोर्ड ने एक आदेश जारी किया इसमें यह कहा गया की मदरसों में तिरंगा फहराया जाये, राष्ट्रगान गाया जाये और राष्ट्रगान के बाद भारत माता की जय के नारे लगाया जाए और इसकी विडिओग्राफी और फोटोग्राफी की जाये । जिसके बाद उत्तर प्रदेश में मौलानाओ की महाभारत छिड़ गयी है । मौलानाओ का कहना है की तिरंगा फहराने और राष्ट्रगान गाने से उन्हें कोई परेशानी नहीं है लेकिन वो भारत माता की जय के नारे के खिलाफ है उनका मानना है की या इस्लाम विरोधी है । हलाकि इस फैसले को लागु करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार को सिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष वसीम रिज़वी ने पत्र लिखा था ।

इस मामले में देश की कई पोलिटिकल पार्टियों का भी साथ मौलानाओ को मिल रहा है वही कुछ मौलाना इसे देशभक्ति से सर्टिफिकेट से भी जोड़ कर देख रहे है ।सिया वक्फ बोर्ड का कहना है की इस तरह का फैसला इस लिए लिया गाया क्युकी मदरसों में हमेशा से भारत माता की जय बोलने से परहेज किया जाता है और कट्टरपंथ को बढ़ावा दिया जाता है हम किसी भी कीमत पर तालिबानी सोच को उपजने नहीं देंगे ।वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष ने कहा की जितनी की वक्फ सम्पतिया है उनमे यह आदेश लागु किया जायेगा और जो इस आदेश को मानाने से इंकार करेगा उसके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी ।वसीम रिज़वी का कहना है ये इन मौलवियों के लिए है जो भारत माता की जय बोलना साम्प्रदयिक मानते है कट्ट्पारपंथ को बढ़ावा देते है और हमारे बचो को उनके दिमाग में ज़हर भर के बहकाते है ।

मौलानाओ का कहना है की देश से पहले और देश से बढ़कर इस्लाम है और भारत माता की जय और वन्दे मातरम बोलना इस्लाम के विरुद्ध है और यह भारत ही नहीं पूरी दुनिया में इस्लाम पहले मानते है मुसलमान। वही उत्तर प्रदेश में अस्तित्व न रखने वाली ओवैसी की पार्टी के एक सदस्य ने वसीम रिज़वी के लिए कहा “वसीम रिज़वी की कोई हैसियत नहीं है हम उनकी किसी भी बात को नहीं मानेंगे वो कोई संवैधानिक पद पर नहीं है.”

वही दूसरी तरफ केंद्र सरकार जनसँख्या नियंत्रण के लिए कानून बनाने पर विचार कर रही है जिसके लिए 125 सांसदों ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौपा है जिसको लेकर भी मौलानाओ के विरोध सामने आ रहे है । इस मामले पर देवबंद के 2 मौलानाओ के बयां सामने आये है जिसके इमोशनल ब्लैकमेल से लेकर धमकी तक देखी जा सकती है । मौलाना अब्दुल लतीफ़ ने तो बेतुकी बात करते हुए कहा की देश की जनसँख्या जैसे जैसे आबादी बढ़ेगी देश की तैराकी होगी अतः यह देश हित में है जबकि अगर आकड़ो की मने तो भारत के पास दुनिया का कुल 2.5 % हिस्सा क्षेत्रफल है और अगर आबादी की बात करे तो दुनिया की 18 % आबादी भारत के पास है । मौलाना यही नहीं रुका उसने धमकी हरे लहजे में यहाँ तक कह दिया की इंदिरा जी को भी जनसँख्या की चिंता थी इसके बाद इंदिरा जी का क्या हुवा वह पूरा देश जनता है आज कांग्रेस जिस कगार पर है उसमे इंदिरा जी की जनसख्या नियंत्रण पर सोचना मुख्य था । आज वही चिंता बीजेपी को सत्ता रही है अगर मोदी जी कोई ऐसा कानून लाते है तो बीजेपी बर्बाद हो जाएगी ।